कनोहर लाल डिग्री कॉलेज में नेशनल लाइब्रेरियन्स डे के उपलक्ष में एक कार्यक्रम आयोजित किया गया






 आज दिनांक 13 अगस्त 2022 को कनोहर लाल स्नातकोत्तर महिला महाविद्यालय मेरठ में *नेशनल लाइब्रेरियन्स डे* के उपलक्ष में एक कार्यक्रम आयोजित किया गया। महाविद्यालय में आजादी के 75 वर्ष पूर्ण होने के संदर्भ में आज महाविद्यालय की प्राचार्य सहित समस्त प्रवक्ता वर्ग, कर्मचारी वर्ग एवं समस्त छात्राओं द्वारा महाविद्यालय परिसर तथा शारदा रोड पर वंदे मातरम तथा भारत माता की जय हो के नारों के साथ भव्य रैली निकाली गई। इसके बाद लाइब्रेरियंस डे कार्यक्रम प्रारम्भ किया गया कार्यक्रम में मुख्य अतिथि डॉ. युद्धवीर सिंह ( पूर्व प्राचार्य मेरठ कॉलेज मेरठ), रहे। कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि डॉ जमाल अहमद सिद्धकी डेप्युटी लाइब्रेरियन चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय मेरठ, एवं कन्वीनर MUCLA डा देवेन्द्र कुमार असिस्टेंट प्रोफेसर : लाइब्रेरी साइंस, G. G. D. C. खरखौदा, मेरठ एवं डा. संजीव कुमार, असिस्टेंट प्रोफेसर : लाइब्रेरी साइंस, KPGC, सिंभावली हापुड उपस्थित रहे।* सर्वप्रथम दीप प्रज्वलन द्वारा कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया तत्पश्चात प्राचार्या जी ने अपने संबोधन मे मुख्य अतिथियों का परिचय कराया। इसी क्रम में छात्राओं ने राष्ट्रीय पुस्तकालय दिवस के बारे में बताया तथा एस रंगनाथन के जीवन परिचय से अवगत कराया। बी ए तृतीया वर्ष की छात्रा मदीहा ने पुस्तकालय तथा पुस्तकालय कर्मियों के महत्व को बताया मुख्य अतिथि प्रोफेसर . युद्धवीर जी ने बताया की लाइब्रेरी के माध्यम से अतीत को वर्तमान तथा भविष्य तक ले जाया जा सकता है। उन्होंने बताया कि जीवन में संघर्षरत रहते हुए ही निश्चित लक्ष्य को प्राप्त किया जा सकता है इसके बाद *विशिष्ट अतिथि श्री जमाल अहमद सिद्दीकी जी ने विषय के रूप में लाइब्रेरी साइंस के महत्व को समझाते हुए कहा की लाइब्रेरी साइंस के प्रवक्ता को सारे विषयो का ज्ञान होना आवश्यक हैं। छात्राओं को पुस्तकायल को सुचारू रूप से चलाने की बारीकियों से अवगत कराया। वर्तमान समय में डिजिटल लाइब्रेरी की महत्ता को समझाया कि किस प्रकार अब पुस्तकालय स्वयं पाठक के पास डिजिटल लाइब्रेरी के माध्यम से पहुंच‌ रहा हैं।* उन्होंने एस रंगनाथन जी के संघर्षों था उनके महान कार्यों पे प्रकाश डाला। अतिथियों द्वारा डॉ विनीता गुप्ता, एसोसिएट प्रोफेसर राजनीति विज्ञान, डॉ राखी त्यागी, एसोसिएट प्रोफेसर लाइब्रेरी साइंस एवं सुश्री स्मृति यादव असिस्टेंट प्रोफेसर, मनोविज्ञान द्वारा संपादित पुस्तक " वेरियस कंटेंट ट्रेंड्स इन रिसर्च मेथाडोलॉजी" पुस्तक का विमोचन किया गया।* 


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मेरठ: कोनवे होटल में हुई चोरी का पुलिस ने किया खुलासा, 550 सीसीटीवी कैमरा की मदद से

भीम आर्मी भारत एकता मिशन एक सामाजिक संगठन है, जिसकी स्थापना चंद्रशेखर आज़ाद ने की थी। यह संगठन दलित, पिछड़ा और वंचित वर्गों के अधिकारों से जुड़े मुद्दों को उठाता रहा है। वहीं, नरेंद्र मोदी वर्तमान में भारत के प्रधानमंत्री हैं, और उनके किसी भी राज्य या शहर के दौरे के दौरान प्रशासनिक सतर्कता और सुरक्षा व्यवस्था कड़ी रहती है। कई बार सुरक्षा कारणों से स्थानीय स्तर पर कुछ नेताओं या कार्यकर्ताओं को नजरबंद (हाउस अरेस्ट) भी किया जाता है, जिसे प्रशासन एहतियाती कदम बताता है। आपके संदेश में सरकार के रवैये, दलित समाज के मुद्दों और हाल के घटनाक्रम (जैसे कपसाड़ प्रकरण) को लेकर सवाल उठाए गए हैं। लोकतंत्र में किसी भी वर्ग को अपने अधिकारों के लिए शांतिपूर्ण और संवैधानिक तरीके से आवाज उठाने का अधिकार है। साथ ही, प्रशासन की जिम्मेदारी कानून-व्यवस्था बनाए रखना भी होती है।

आज दिनांक 19 फरवरी 2026 को कनोहर स्नातकोत्तर महिला महाविद्यालय, मेरठ की राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) इकाई द्वारा सात दिवसीय विशेष शिविर का शुभारंभ श्री राम सरस्वती शिशु मंदिर, निकट रामलीला ग्राउंड, दिल्ली रोड पर किया गया। शिविर के प्रथम दिवस स्वयंसेविकाओं ने शिविर स्थल पर पहुंचकर साफ-सफाई एवं बैठने की व्यवस्था सुनिश्चित की। इसके पश्चात लक्ष्य गीत एवं प्रार्थना के साथ कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ हुआ। उद्घाटन समारोह में महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो० (डा०) किरण प्रदीप मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। कार्यक्रम अधिकारी डा० पूजा राय ने राष्ट्रीय सेवा योजना के उद्देश्य एवं लक्ष्य पर प्रकाश डालते हुए सात दिवसीय विशेष शिविर की प्रस्तावित गतिविधियों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय सेवा योजना ‘शिक्षा के माध्यम से सेवा’ के सिद्धांत पर कार्य करते हुए छात्राओं में सामुदायिक सेवा की भावना, व्यक्तित्व विकास एवं चरित्र निर्माण को प्रोत्साहित करती है तथा युवाओं को सामाजिक समस्याओं के समाधान, राष्ट्र निर्माण एवं आत्मनिर्भरता के लिए प्रेरित करती है। मुख्य अतिथि प्रो० (डा०) किरण प्रदीप ने छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि कौशल विकास (स्किल डेवलपमेंट) आत्मनिर्भर भारत की आधारशिला है। तकनीकी ज्ञान, सॉफ्ट स्किल्स एवं व्यावहारिक दक्षताओं के माध्यम से युवा आत्मविश्वास के साथ अपनी आजीविका अर्जित कर सकते हैं। उन्होंने छात्राओं को अपनी रुचि के क्षेत्र में निरंतर कौशल वृद्धि करने तथा नए-नए कौशल सीखने के लिए प्रेरित किया। साथ ही उत्तरदायित्व एवं सेवा भावना के साथ कार्य करने का आह्वान किया। महाविद्यालय के पुस्तकालय विभाग की विभागाध्यक्षा डॉ. राखी त्यागी ने कहा कि यह विशेष शिविर छात्राओं के लिए समाज सेवा के साथ-साथ व्यक्तित्व विकास का उत्कृष्ट अवसर है। शिविर के अंतिम सत्र में ‘सड़क सुरक्षा’ विषय पर चित्रकला प्रतियोगिता आयोजित की गई, जिसमें स्वयंसेविकाओं ने सड़क सुरक्षा का संदेश देते हुए आकर्षक पोस्टर बनाए। प्रथम दिवस माही, तनु, सविता, स्नेहा, सोफिया, लाएबा, खुशी सहित कुल 50 स्वयंसेविकाओं ने सक्रिय सहभागिता की। शिविर का संयोजन एवं संचालन कार्यक्रम अधिकारी डा० पूजा राय द्वारा किया गया। कार्यक्रम के सफल आयोजन में श्री संजीव माहेश्वरी एवं श्री सुरेश चंद्र प्रजापति का विशेष सहयोग रहा।