पूर्व बीएसपी मंत्री याकूब कुरैशी व इमरान दिल्ली से गिरफ्तार

 मेरठ। 50 हजार के ईनामी पिता-पुत्र पूर्व मंत्री हाजी याकूब कुरैशी व हाजी इमरान याकूब कुरैशी को मेरठ पुलिस ने दिल्ली से देर रात्रि दो बजे गिरफ्तार कर लिया। दोनों चांदनी महल थाना क्षेत्र के एक फ्लैट में किराए पर रह रहे थे। पुलिस ने उनको मेरठ ले आयी है, जहां उनसे पूछताछ की जा रही है। गौरतलब है कि दो माह पूर्व ही पूर्व मंत्री का छोटा पुत्र हाजी फिरोज याकूब को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।


बतादे कि पुलिस, प्रशासन समेत कई विभागों की संयुक्त टीम ने 31 मार्च 2022 को हाजी याकूब कुरैशी की हापुड़ रोड स्थित मीट फैक्टरी में छापा मारा था। फैक्टरी में अवैध तरीके से मीट की पैकिंग हो रही थी। दस कर्मचारी मौके से गिरफ्तार हुए थे। इस मामले में पूर्व मंत्री हाजी याकूब कुरैशी, उनकी पत्नी संजीदा बेगम, उनके बेटे इमरान व फिरोज समेत 17 लोगों पर मुकदमा दर्ज हुआ था। हाजी याकूब व इमरान की गिरफ्तारी के वारंट जारी हो चुके थे। उन पर 50-50 हजार का इनाम घोषित था। इसके अलावा पुलिस ने याकूब की शास्त्रीनगर, सराय बहलीम, बनी सराय, हापुड़ रोड समेत 26 जगह की 85 करोड़ की संपत्ति चिह्नित कर ली थी। इसमें एक अस्पताल, स्कूल, मकान, प्लाट भी शामिल है। याकूब की घेराबंदी के लिए पुलिस की दो टीमों के अलावा एसटीएफ भी लगी थी।


नवंबर माह में गिरफ्तार हुआ फिरोज

कानूनी प्रक्रिया के तहत पुलिस ने याकूब और उसके परिवार, मैनेजर मोहित त्यागी समेत सात लोगों पर गैंगस्टर का केस दर्ज किया था। फरार आरोपियों की तलाश में पुलिस दबिश दे रही थी। नवंबर माह में याकूब के बेटे हाजी फिरोज को पुलिस ने वसुंधरा से गिरफ्तार कर लिया था।



एसपी क्राइम अनित कुमार ने बताया, हाजी याकूब व इमरान को दिल्ली से गिरफ्तार कर लिया गया है। दोनों पर 50-50 हजार का ईनाम घोषित था और गैंगस्टर एक्ट में फरार चल रहे थे। अभी पूछताछ चल रही है, उसके बाद कोर्ट में पेश कर दि


या जाएगा

Popular posts from this blog

मेरठ: कोनवे होटल में हुई चोरी का पुलिस ने किया खुलासा, 550 सीसीटीवी कैमरा की मदद से

भीम आर्मी भारत एकता मिशन एक सामाजिक संगठन है, जिसकी स्थापना चंद्रशेखर आज़ाद ने की थी। यह संगठन दलित, पिछड़ा और वंचित वर्गों के अधिकारों से जुड़े मुद्दों को उठाता रहा है। वहीं, नरेंद्र मोदी वर्तमान में भारत के प्रधानमंत्री हैं, और उनके किसी भी राज्य या शहर के दौरे के दौरान प्रशासनिक सतर्कता और सुरक्षा व्यवस्था कड़ी रहती है। कई बार सुरक्षा कारणों से स्थानीय स्तर पर कुछ नेताओं या कार्यकर्ताओं को नजरबंद (हाउस अरेस्ट) भी किया जाता है, जिसे प्रशासन एहतियाती कदम बताता है। आपके संदेश में सरकार के रवैये, दलित समाज के मुद्दों और हाल के घटनाक्रम (जैसे कपसाड़ प्रकरण) को लेकर सवाल उठाए गए हैं। लोकतंत्र में किसी भी वर्ग को अपने अधिकारों के लिए शांतिपूर्ण और संवैधानिक तरीके से आवाज उठाने का अधिकार है। साथ ही, प्रशासन की जिम्मेदारी कानून-व्यवस्था बनाए रखना भी होती है।

आज दिनांक 19 फरवरी 2026 को कनोहर स्नातकोत्तर महिला महाविद्यालय, मेरठ की राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) इकाई द्वारा सात दिवसीय विशेष शिविर का शुभारंभ श्री राम सरस्वती शिशु मंदिर, निकट रामलीला ग्राउंड, दिल्ली रोड पर किया गया। शिविर के प्रथम दिवस स्वयंसेविकाओं ने शिविर स्थल पर पहुंचकर साफ-सफाई एवं बैठने की व्यवस्था सुनिश्चित की। इसके पश्चात लक्ष्य गीत एवं प्रार्थना के साथ कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ हुआ। उद्घाटन समारोह में महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो० (डा०) किरण प्रदीप मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। कार्यक्रम अधिकारी डा० पूजा राय ने राष्ट्रीय सेवा योजना के उद्देश्य एवं लक्ष्य पर प्रकाश डालते हुए सात दिवसीय विशेष शिविर की प्रस्तावित गतिविधियों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय सेवा योजना ‘शिक्षा के माध्यम से सेवा’ के सिद्धांत पर कार्य करते हुए छात्राओं में सामुदायिक सेवा की भावना, व्यक्तित्व विकास एवं चरित्र निर्माण को प्रोत्साहित करती है तथा युवाओं को सामाजिक समस्याओं के समाधान, राष्ट्र निर्माण एवं आत्मनिर्भरता के लिए प्रेरित करती है। मुख्य अतिथि प्रो० (डा०) किरण प्रदीप ने छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि कौशल विकास (स्किल डेवलपमेंट) आत्मनिर्भर भारत की आधारशिला है। तकनीकी ज्ञान, सॉफ्ट स्किल्स एवं व्यावहारिक दक्षताओं के माध्यम से युवा आत्मविश्वास के साथ अपनी आजीविका अर्जित कर सकते हैं। उन्होंने छात्राओं को अपनी रुचि के क्षेत्र में निरंतर कौशल वृद्धि करने तथा नए-नए कौशल सीखने के लिए प्रेरित किया। साथ ही उत्तरदायित्व एवं सेवा भावना के साथ कार्य करने का आह्वान किया। महाविद्यालय के पुस्तकालय विभाग की विभागाध्यक्षा डॉ. राखी त्यागी ने कहा कि यह विशेष शिविर छात्राओं के लिए समाज सेवा के साथ-साथ व्यक्तित्व विकास का उत्कृष्ट अवसर है। शिविर के अंतिम सत्र में ‘सड़क सुरक्षा’ विषय पर चित्रकला प्रतियोगिता आयोजित की गई, जिसमें स्वयंसेविकाओं ने सड़क सुरक्षा का संदेश देते हुए आकर्षक पोस्टर बनाए। प्रथम दिवस माही, तनु, सविता, स्नेहा, सोफिया, लाएबा, खुशी सहित कुल 50 स्वयंसेविकाओं ने सक्रिय सहभागिता की। शिविर का संयोजन एवं संचालन कार्यक्रम अधिकारी डा० पूजा राय द्वारा किया गया। कार्यक्रम के सफल आयोजन में श्री संजीव माहेश्वरी एवं श्री सुरेश चंद्र प्रजापति का विशेष सहयोग रहा।